Tuesday, August 9, 2022

सार्वजनिक जगहों पर अनिश्चितकाल धरने को लेकर SC हुआ सख्त

नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ दिल्ली के शाहीन बाग में हुए प्रदर्शन को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला दिया है. कोर्ट ने कहा है कि सार्वजनिक जगहों पर अनिश्चितकाल तक प्रदर्शन नहीं हो सकता है चाहे वो शाहीन बाग हो या कोई और जगह. कोर्ट ने कहा कि निर्धारित जगहों पर ही प्रदर्शन किया जाना चाहिए. आने-जाने के अधिकार को रोका नहीं जा सकता है. विरोध और आने-जाने के अधिकार में संतुलन जरूरी है.

यह भी पढ़ें :   राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित द्वारा नेताजी को उनकी 125वीं जयंती पर श्रद्धांजलि अर्पित

गौरतलब है कि दिसंबर 2019 में केंद्र सरकार ने संसद से नागरिकता संशोधन कानून पास किया था. जिसके तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से आने वाले धार्मिक अल्पसंख्यकों को नागरिकता देने का प्रावधान किया गया. इस कानून को धर्म के आधार पर बांटने वाला बताकर दिल्ली से शाहीन बाग से लेकर देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन किए गए. शाहीन बाग में दिसंबर से मार्च तक कोरोना लॉकडाउन लगने तक सड़कों पर प्रदर्शन चला था.

यह भी पढ़ें :   नीरा पर व्‍हाइट हाउस के एक फैसले से गदगद हुआ पाकिस्‍तान और चीन
यह भी पढ़ें :   सुप्रीम कोर्ट ने कृषि कानूनों को लेकर बनाई कमेटी, लेकिन किसान नहीं खुश; जानें वजह...

इसी मसले पर बुधवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई. सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि सार्वजनिक स्थानों और सड़कों पर अनिश्चितकाल तक कब्जा नहीं किया जा सकता है. केवल तय स्थानों पर ही प्रदर्शन होना चाहिए. कोर्ट ने ये भी कहा कि आवागमन का अधिकार अनिश्चितकाल तक रोका नहीं जा सकता. कोर्ट ने ये भी कहा कि सार्वजनिक बैठकों पर प्रतिबंध नहीं लगाया जा सकता है लेकिन उन्हें निर्धारित क्षेत्रों में होना चाहिए. संविधान विरोध करने का अधिकार देता है लेकिन इसे समान कर्तव्यों के साथ जोड़ा जाना चाहिए. विरोध के अधिकार को आवागमन के अधिकार के साथ संतुलित करना होगा. सुप्रीम कोर्ट ने फैसले में ये भी कहा कि प्रशासन को रास्ता जाम कर प्रदर्शन रहे लोगों को हटाना चाहिए, कोर्ट के आदेश का इंतजार नहीं करना चाहिए.

यह भी पढ़ें :   हाथरस केस में केरल के पत्रकार की गिरफ्तारी पर यूपी सरकार को नोटिस

Latest news

गरम ख्यालियों द्वारा 15 अगस्त को केसरी झंडे लगाने के आह्वान पर वड़िंग ने पंजाब में शांतिपूर्ण माहौल बिगड़ने को लेकर दी चेतावनी

पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कट्टरपंथी नेतृत्व के एक वर्ग द्वारा राज्य में शांतिपूर्ण माहौल बिगाड़े जाने की कोशिश को लेकर...
यह भी पढ़ें :   हाथरस केस में केरल के पत्रकार की गिरफ्तारी पर यूपी सरकार को नोटिस

मुख्यमंत्री ने नई दिल्ली में नीति आयोग की शासी परिषद की बैठक में भाग लिया

मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित नीति आयोग की शासी परिषद की बैठक में भाग...

मुख्यमंत्री ने नीति आयोग की मीटिंग में पंजाब की किसानी से जुड़े मसले ज़ोरदार ढंग से उठाये, एम. एस. पी. को कानूनी गारंटी बनाने...

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज राज्य की किसानी से जुड़े मसले ज़ोरदार ढंग से उठाते हुए न्यूतनम समर्थन मूल्य (एम.एस.पी.) को कानूनी...

“हैंड फुट माउथ” बीमारी से घबराने की जरूरत नहीं

चंडीगढ़ प्रशासन के निर्देशानुसार “हैंड फुट माउथ” नामक वायरल रोग पाए जाने के उपरांत चंडीगढ़ विद्यालय बंद करने की खबर आई है। “हैंड फुट माउथ”...

Related news

यह भी पढ़ें :   प्रदूषण पर रोक लगाने को सुप्रीम कोर्ट सख्त, दिवाली बाद केंद्र से मांगी रिपोर्ट

गरम ख्यालियों द्वारा 15 अगस्त को केसरी झंडे लगाने के आह्वान पर वड़िंग ने पंजाब में शांतिपूर्ण माहौल बिगड़ने को लेकर दी चेतावनी

पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कट्टरपंथी नेतृत्व के एक वर्ग द्वारा राज्य में शांतिपूर्ण माहौल बिगाड़े जाने की कोशिश को लेकर...

मुख्यमंत्री ने नई दिल्ली में नीति आयोग की शासी परिषद की बैठक में भाग लिया

मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित नीति आयोग की शासी परिषद की बैठक में भाग...

मुख्यमंत्री ने नीति आयोग की मीटिंग में पंजाब की किसानी से जुड़े मसले ज़ोरदार ढंग से उठाये, एम. एस. पी. को कानूनी गारंटी बनाने...

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज राज्य की किसानी से जुड़े मसले ज़ोरदार ढंग से उठाते हुए न्यूतनम समर्थन मूल्य (एम.एस.पी.) को कानूनी...

“हैंड फुट माउथ” बीमारी से घबराने की जरूरत नहीं

चंडीगढ़ प्रशासन के निर्देशानुसार “हैंड फुट माउथ” नामक वायरल रोग पाए जाने के उपरांत चंडीगढ़ विद्यालय बंद करने की खबर आई है। “हैंड फुट माउथ”...