Tuesday, August 16, 2022

3 बड़े संशोधनों पर राजी सरकार, नहीं वापिस लेगी कृषि कानून !

कृषि कानून के खिलाफ किसानों का दिल्ली की सीमाओं पर धरना पिछले दो हफ्तों से जारी है. मंगलवार को भारत बंद बुलाया गया, जिसे राजनीतिक दलों ने समर्थन दिया. लेकिन शाम होते-होते तस्वीर बदलती दिखी, किसान नेताओं ने गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की. कई घंटों तक चली इस बैठक में किसानों की मांग पर बात हुई और सरकार ने ये स्पष्ट कर दिया कि कृषि कानून वापस नहीं होंगे. हालांकि, सरकार कानून में कुछ संशोधन करने पर राजी होती दिख रही है.

शाह और किसान नेताओं की बैठक में क्या हुआ?
भारत बंद की मियाद खत्म होने के तुरंत बाद किसान नेता राकेश टिकैत ने जानकारी दी कि शाम को गृह मंत्री अमित शाह कुछ किसान नेताओं से मिलेंगे. शाम सात बजे बैठक का वक्त तय हुआ, लेकिन जगह को लेकर कन्फ्यूजन के कारण मीटिंग देरी से शुरू हुई. देर रात तक चली बैठक के बाद जब किसान नेता बाहर आए तो पूरी तरह से संतुष्ट नहीं दिखे.

यह भी पढ़ें :   अब धार्मिक स्थल जाने वाले यात्री पहुंचेंगे समय से पहले, बढ़ी ट्रेनों की स्पीड

किसान नेताओं के मुताबिक, सरकार कृषि कानून वापस ना लेने पर अड़ी है और संशोधनों के साथ लिखित प्रस्ताव देने की बात कह रही है. बुधवार को ही सरकार प्रस्ताव देगी, जिसपर किसान मंथन करेंगे.

किन संशोधनों पर मान रही है सरकार?
किसानों की ओर से कृषि कानून में काफी खामियां गिनाई गईं और कहा गया कि सभी कानूनों को वापस लिया जाए. हालांकि, अब सरकार ने जब ये साफ कर दिया है कि वो कानून वापस नहीं लेगी, ऐसे में किसानों की कुछ मुख्य चिंताओं को दूर करने की कोशिश की है.

यह भी पढ़ें :   गरम ख्यालियों द्वारा 15 अगस्त को केसरी झंडे लगाने के आह्वान पर वड़िंग ने पंजाब में शांतिपूर्ण माहौल बिगड़ने को लेकर दी चेतावनी

• कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग के कानून में अभी किसान के पास कोर्ट जाने का अधिकार नहीं है, ऐसे में सरकार इसमें संशोधन कर कोर्ट जाने के अधिकार को शामिल कर सकती है.

यह भी पढ़ें :   ढाई महीने से बेटे के शव के इंतज़ार में मां, अंतिम दर्शन से पहले तोड़ा दम

• प्राइवेट प्लेयर अभी पैन कार्ड की मदद से काम कर सकते हैं, लेकिन किसानों ने पंजीकरण व्यवस्था की बात कही. सरकार इस शर्त को मान सकती है.

• इसके अलावा प्राइवेट प्लेयर्स पर कुछ टैक्स की बात भी सरकार मानती दिख रही है.

• किसान नेताओं के मुताबिक, अमित शाह ने MSP सिस्टम और मंडी सिस्टम में किसानों की सहूलियत के अनुसार कुछ बदलाव की बात कही है.

किन मुद्दों पर किसानों को परेशानी ?
किसान नेता हनन मुल्ला के मुताबिक, सरकार ने कहा है कि कानून वापस नहीं लिए जाएंगे लेकिन कुछ संशोधन किए जा सकते हैं. दरअसल, किसान अब कानून वापसी पर अड़ते दिखे हैं. किसान नेताओं का तर्क है कि अगर कानून में संशोधन होता है तो उसकी रूपरेखा बदल जाएगी. वो किसी और स्टेकहोल्डर को गलत तरीके से प्रभावित कर सकता है.

यह भी पढ़ें :   दिलीप कुमार के जाने से टूटी सायरा बानो, पति के साथ आखिरी तस्वीर हुई वायरल

किसानों ने सरकार के साथ पिछले कई दौर की बातचीत में बिंदुवार खामियां गिनाई हैं, ऐसे में किसानों का कहना है कि जिस कानून में इतनी संशोधन की जरूरत हो, हर कानून में लगभग 8 से 10 गलतियां हों तो उसका औचित्य क्या रह जाता है. किसानों को कानून की शब्दावली से भी दिक्कत है, जो किसानों के लिए मुश्किलें पैदा कर रही है.

यह भी पढ़ें :   किसानों के चक्का जाम से गृह मंत्री का सिंधुदुर्ग दौरा एक दिन टला

किसानों की ओर से सरकार को पहले भी कहा जा चुका है कि सरकार MSP को कानून का हिस्सा बनाए, हालांकि सरकार इस बात का भरोसा दे रही है कि MSP कभी खत्म नहीं होगी. इसके अलावा किसानों की मांग थी कि मंडी सिस्टम खत्म ना हो, क्योंकि मंडियों में मौजूद आड़तियों के साथ जैसा कामकाज किसानों का होता है, वो किसी कंपनी के साथ नहीं हो सकता है.

Latest news

प्रदेश सरकार ने सुनिश्चित किया महिलाओं का सशक्तिकरण: जय राम ठाकुर

प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है और उनके सामाजिक-आर्थिक उत्थान के लिए कई योजनाएं आरम्भ की गई हैं। रक्षा बन्धन पर्व की...

स्कूल शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस द्वारा सरकारी मिडल स्कूल गोचर का दौरा

मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार द्वारा राज्य के सरकारी शिक्षा संस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए लगातार कार्य किए...

भगवंत मान सरकार राज्य के लोगों को पीने वाला साफ़-सुथरा पानी और साफ़-सफ़ाई की सुविधा देने के लिए प्रतिबद्ध

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली राज्य सरकार लोगों को साफ़-सुथरा पीने वाला पानी और सेनिटेशन की सुविधाएं देने के लिए प्रतिबद्ध...
यह भी पढ़ें :   अब धार्मिक स्थल जाने वाले यात्री पहुंचेंगे समय से पहले, बढ़ी ट्रेनों की स्पीड

गरम ख्यालियों द्वारा 15 अगस्त को केसरी झंडे लगाने के आह्वान पर वड़िंग ने पंजाब में शांतिपूर्ण माहौल बिगड़ने को लेकर दी चेतावनी

पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कट्टरपंथी नेतृत्व के एक वर्ग द्वारा राज्य में शांतिपूर्ण माहौल बिगाड़े जाने की कोशिश को लेकर...

Related news

प्रदेश सरकार ने सुनिश्चित किया महिलाओं का सशक्तिकरण: जय राम ठाकुर

प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है और उनके सामाजिक-आर्थिक उत्थान के लिए कई योजनाएं आरम्भ की गई हैं। रक्षा बन्धन पर्व की...

स्कूल शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस द्वारा सरकारी मिडल स्कूल गोचर का दौरा

मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार द्वारा राज्य के सरकारी शिक्षा संस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए लगातार कार्य किए...

भगवंत मान सरकार राज्य के लोगों को पीने वाला साफ़-सुथरा पानी और साफ़-सफ़ाई की सुविधा देने के लिए प्रतिबद्ध

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली राज्य सरकार लोगों को साफ़-सुथरा पीने वाला पानी और सेनिटेशन की सुविधाएं देने के लिए प्रतिबद्ध...

गरम ख्यालियों द्वारा 15 अगस्त को केसरी झंडे लगाने के आह्वान पर वड़िंग ने पंजाब में शांतिपूर्ण माहौल बिगड़ने को लेकर दी चेतावनी

पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कट्टरपंथी नेतृत्व के एक वर्ग द्वारा राज्य में शांतिपूर्ण माहौल बिगाड़े जाने की कोशिश को लेकर...